Jay Bhim Hindi Shayari And Status For Facebook And WhatsApp shayari on dr.baba sahab Ambedkar हिंदी जय भीम शायरी सटेटस

- November 30, 2016

देश के लिये जिन्हो  ने विलाश को ठुकराया था।
गीरे हुये को जिन्होंने स्वाभिमान सिखाया था।
जिसने हम सबको तूफानों से टकराना सिखाया था।
देश का वो था अनमोल दिपक जो बाबा साहब कहलाया था।
आज हम उनकी बातो को आज दिल से अपनायेंगे,चलो आज  हम सब मिलकर आंबेडकर जयंती मनाये।




नजारों मे नजारा देखा एसा नजारा नही देखा,
आसमान मे जब भी देखा
मेरे भीम जैसा सितारा नही देखा।



कर गुजर गये वो भीम थे,
दुनिया को जगाने वाले भीम थे,
हमने तो सिर्फ इतिहास पढा है यारो,
इतिहास बनाने वाले मेरे भीम  थे।


है ये सारा जहाँ जिनकी शरण में हमारा है नमन उन बाबा के चरण में है पूजा के योग्य बाबा हम सबकी नजर में आप मिलकर फूल बरसायें बाबा के चरण में.



जिस पर चलता रहेगा ये भारत सदा ऐसा इक रस्ता टीम बाबा बना गये 


हिन्द की सरजमीं पर मेरे दोस्तों
भीम ने इक नया इतिहास लिख दिया.



देश प्रेम में जिसने आराम को ठुकराया थागिरे हुए इंसान को स्वाभिमान सिखाया थाजिसने हमको मुश्किलों से लड़ना सिखाया थाइस आसमां पर ऐसा इक दीपक बाबा साहेब कहलाया था. 


आज का दिन है बड़ा महानबनकर सूरज चमका इक इंसानकर गये सबके भले का ऐसा कामबना गये हमारे देश का संविधान . 





नींद खोयी अपनी बाबा साहेब आपने हम रोते हों को हंसाया बाबा आपनेकभी न भूलेंगे हम अपने बाबा साहेब को कहता है जमाना बाबा साहेब आंबेडकर जिनको.


नज़ारे देखे हमने हजारों

देखा न कभी ऐसा नजाराआसमां में देखे सितारे बहुतपर भीम जैसा सितारा न देखा .जय भीम 



जब भीम थे चलते तो हजारों दिल मचलतेभीम जब रुकते तो तूफ़ान है रुक  जाते इतने काबिल थे बाबा की कभी इरादा न बदला बाबा भीम ने तो सारा इतिहास बदल डाला.


जिसने सबको समझा इक समान ऐसे थे बाबा साहेब हमारे महान 


सबको आजादी और ख़ुशी से जीना सिखाया भीम ने स्वतंत्रता और समानता का नारा दिया भीम ने.


ममता,करणा और समता जिसका है आधार हमारी उजाड़ी जिन्दगी में ला डी बाबा साहेब ने बहार हमारी आजादी की कहानी लिखी हमारे भीम ने खुशियों भरा सजाया हमारा संसार भीम ने.



गरज उठे गगन सारा,

समुन्दर छोडें आपना कीनारा,हिल जाए जहान सारा,जब गूंजे "जय भीम" का नारा।जय भीम


पैदा ना होता वो मसीहा तो खुशियों का सिलसिला नहीं होता बे रंग रहती ये ज़मी और आसमान का रंग नीला नहीं होता 


मेरे भीम ने आँख खोली‚हर कोई ईन्सान बन गया।मेरे भीम ने जुबाँ खोली‚हर कोई तुफान बन गया।मेरे भीम ने किताब खोली‚हर कोई विद्वान बन गया।मेरे भीम ने कलम खोली‚ और इस देश का संविधान बन गया।अरे, इस संविधान की वजह से चाय बेचनेवाला आज प्रधानमंत्री हो गया.




हर अपने को #जयभिम कहनायहीं आदत हैं मेरीये " शान "ये " शौकत " औरये " ईमान " न होता।☝ आज कोई इस देश मेंकिसी का " मेहमान " न होता!☝ नहीँ मिल पाती " खुशियां "हमे इस वतन में।📓अगर इस देश का संविधान✍" बाबा साहेब " ने लिखा न होता।।











ना छुरी रखता हुंना पिस्तौल रखता हुं "जय भिम" का बेटा हुंदिल में जिगर रखता हुं.!इरादों मे तेज़ धार रखता हुंइस लिए हमेशाअकेला ही निकलता हु.!!ये आवाज नही शेर कि दहाड़ है…..हम खडे हो जाये तो पहाड़ है।जय भिम





किसी ने कहा लोहा हैं हमकिसी ने कहा फौलाद हैं हममाँ कसम भगदड़ मच गई उस समय वहाँजब हमने कह दिया कि”कट्टर भिमसैनिक “हैं हम🔪🔪🔪कट्टर भिमसैनिक🔪🔪🔪जय भिम

ऐ निल रंग हर रंग में मिला देगेहम सब एक हे ऐ एहसास दिला देगेछूना नहीं बाबासाहब के सविधान को नहीतो हमजय भिम वाले पूरी दुनिया हिला देंग


पैदा ना होता वो मसीहा तो खुशियों का सिलसिला नहीं होताबे रंग रहती ये ज़मी और आसमान का रंग नीला नहीं होताभारत तो कब का कंगाल हो जाता यारोअगर भीम राव आंबेडकर जैसे हीरा मिला


ये आवाज नही शेर कि दहाड़ है…..हम खडे हो जाये तो पहाड़ है।जय भिम   


गरज उठे गगन सारा,समुन्दर छोडें आपना कीनारा,हिल जाए जहान सारा,जब गूंजे "जय भीम" का नारा।


सर उंचा उठाकर जिना सिखाया मेरे भीम ने
जुल्म के खिलाफ संधर्ष करना सिखाया मेरे भीम ने
आज मे बहोत उंचा उठा
मुजे उंचा उठाया मेरे भीम ने।




भीम जैसा सूरज अगर निकला ना होता,
हम दलितों के जिवन मे ये उजाला ना होता,
मर गये होते युही जुल्म सहकर अगर हमे भीम जैसा रखवाला मिला ना होता।




युगों से शापित मानव को बदल दिया वरदानो मे,
हिन दिनो के आंसू तुम्हीं ने बदले है मुसकानो मै।




ना छुरी रखता हुं ना पिस्तौल रखता ह लुं "जय भिम" का बेटा हुं दिल में जिगर रखता हुं.!
इरादों मे तेज़ धार रखता हुं इस लिए हमेशा अकेला ही निकलता हु.!!



ये आवाज नही शेर कि दहाड़ है…..हम खडे हो जाये तो पहाड़ है।
जय भिम


फूलो की कहानी बहारो ने लिखी...
रातो की कहानी सितारों ने लिखी...
हम नहीं है किसी के गुलाम...
क्योंकि हमारी जिंदगी,बाबासाहब जी ने लिखी!!
जय भिम !


देश में क्रांति ऐसी हो :-
✏जब पैदा हो बच्चे तो, धरातल भीम का हो !
                 जब आँख बंद हो तो, सहारा भीम का हो !
एक पीढ़ी मिट जाये तो, कोई गम नहीं,
                  लेकिन मरते वक्त भी हर जुबॉ पर,  नारा भीम का हो |
        ।। जय भीम।। नमो बुध्दायो


हम मौत को भी ठोकर
मार के भगा देंगे,
मुर्दों को भी जीना सिखा देंगे !
जो बुझी शमा जिंदगी की तो
उसे भी जला देंगे !!


कसम है मुझे मेरे "भीम" की, जिस दिन हम युवा एक हो गए !
अपने भारत को बाबा के सपनो
का भारत बना देंगे
जय भीम


उजडो की दुनिया वो बसा कर चले गये ।
कितने दर्द दिये जालिमोने,
वो फिर भी मुस्कुराते चले गये ।
अरे कितने खुदगर्ज है हम लोग,
जो भूलाकर भीमको दिवाली के दिये जलाते चले गये ।।।।
जय भीम ।।।।



याद वो मंजर आता तो होगा,
ओर फिर ..
दिल धड़क जाता तो होगा
..
..
जब हम दिया जलाते होंगें....
महफिले अँधेरा शर्माता तो होगा,
एक दिया उस भीम के नाम...जो दिन रात हमारे लिए जागता था |



सौ बार चमन महका.....
सौ बार बहार आई .....
लेकीन. . .
ग्रुप मे रौनक तब आई,
जब *" जय भीम  "* की आवाज आयी....
🔵जय भीम 🔵

कोई हस्ती कोई मस्ती
                  कोई चाव पे मरता है..
कोई नफरत कोई मौहब्बत
                कोई लगाव पे मरता है..
ये गृप है उन दिवानों का
यहां हर बन्दा भीमराव पे मरता है.....
    ......जय भीम ......



गली_गली मे  * #नीला * लहरा देंगे..
#दुश्मनो को कदमो मे झुका देंगे..* #महाशक्ती
* बनेंगी ऐसी की ,हर शहर मे" * #भीम_दरबार * और भारत मे *" #भीम_राज्य "* बना देंगे !!
#हमे डर नहि किसी के *" #बाप "* का क्योंकी इस देश का *" #संविधान "* है मेरे *"#बाप"* का
* #जय_भिम


ना इश्क का शौक है ..
 ना  मोहब्बत करते है ..
भिमराय के प्रेमी है ..
बस सब को जय भिम कहते है !!
 🙏जय भिम🙏
🇪🇺🇪🇺🇪🇺🇪🇺🇪🇺🇪🇺🇪🇺🇪🇺🇪🇺🇪🇺🇪🇺🇪🇺🇪🇺🇪🇺


लड़ने से डरे वो वीर नहीं होता।दुश्मन के आगे झुके वो सिर नहीं होता।ये तो चौरासी लाख जन्मों का पुण्य है।वरना ऐसे ही '' *बौद्ध धर्म* " मेँ मेरा जन्म नहीं होता  जय भीम 🇪🇺🇪🇺🇪🇺
      🇪🇺जय भीम🇪🇺


जिस दिन हमारे दिल में
" डॉ.बाबा साहेब आंबेडकर"
और दिमाग मे उनकी विचारधारा होगी,
याद रखना उस दिन अदालत भी हमारी होगी
और फैसला भी हमारा होगा...!



 " जिन्दगी " की खुशी
ना " मौत " का गम....
जब तक है....दम...
." जय भिम"   कहेंगे हम ।
Jay bhim...



मेरे लीऐ तो गीता, कुरान, बाईबल   से भी बडकर है
मेरा भारतका संविधान
मेरी तरफ से सभी भारतीय को
 26 नवम्बर
#संविधान_दिन_की_मंगलकामनऐ_।


 घर घर में बाबासाहेब पहुंचे
यही कोशीश है मेरी.
हर जयभिमवाला सुट-बुट मे रहें
यहीं चाहत हैं मेरी.
भले ही कोई मुझे #जयभिम ना कहे
हर अपने को #जयभिम कहना
यहीं आदत हैं मेरी...


ये " शान "
ये " शौकत " और
ये " ईमान " न होता।
☝ आज कोई इस देश में
किसी का " मेहमान " न होता!
☝ नहीँ मिल पाती " खुशियां "
हमे इस वतन में।
📓अगर इस देश का संविधान
✍" बाबा साहेब " ने लिखा न होता।।


जितना फोन में "सीम" की जरूरत है ।

उससे ज्यादा.........
हमारे देश को "भीम" की जरूरत है ।
.
फोन नहीं चलता है, "सीम" के बीना ।
ये देश नहीं चलता है, बाबा भीम के बीना।
.
गर्व से बोलो ""जयभीम"" ।